नाम- डॉ. रश्मि आर्य
पद- विधायक अपना दल (सोनेलाल), मऊरानीपुर(झांसी), उत्तर प्रदेश
नवप्रर्वतक कोड- 71190043

परिचय
डॉ. रश्मि आर्य उत्तर प्रदेश के झांसी जिले की मऊरानीपुर विधानसभा सीट (224) से विधायक हैं। उन्होंने 2022 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में अपना दल (सोनेलाल) के प्रतिनिधित्व में जीत हासिल की और वर्तमान में विधान सभा में अपने क्षेत्र का प्रतिनिधित्व कर रही हैं। यह सीट अनुसूचित जाति (SC) के लिए आरक्षित है और मऊरानीपुर का क्षेत्रीय सामाजिक-आर्थिक परिदृश्य विकास-मुखी मुद्दों से जूझ रहा है। डॉ. रश्मि आर्य को 2022 में जीतने के बाद कुछ समय बाद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से भी जुड़ा देखा गया, क्योंकि उन्होंने पार्टी परिवर्तन के बाद भी मऊरानीपुर के विकास कार्यों को आगे बढ़ाया।
परिवार, प्रारंभिक जीवन और शिक्षा
डॉ. रश्मि आर्य का जन्म 26 सितंबर 1977 को हुआ। उनके पिता का नाम हरिश्चंद्र वर्मा है और वे अनुसूचित जाति (कोरी) समुदाय से सम्बन्ध रखती हैं। उनकी शैक्षणिक योग्यता स्नातकोत्तर (Post
Graduate) और पीएचडी (Doctorate) है,
जिससे यह स्पष्ट होता है कि उन्होंने उच्च शिक्षा में गहन अध्ययन किया है।
उन्होंने 20 मई 2004 को जयप्रकाश आर्य से विवाह किया, जो एक प्राइवेट कॉन्ट्रैक्टर हैं। उनके घर में एक पुत्र और एक पुत्री है। उनका व्यवसाय अध्यापन और गैस एजेंसी के रूप में भी बताया गया है, जो उनके व्यक्तित्व को राजनीतिक जीवन के साथ व्यावसायिक रूप से भी संतुलित बनाता है। रश्मि आर्य की शिक्षा और सामाजिक पृष्ठभूमि ने उन्हें समाज सेवा और नेतृत्व की दिशा में सोचने-समझने की क्षमता दी, जो बाद में उनके राजनीतिक सफर का आधार बनी।

राजनीतिक करियर की शुरुआत
डॉ. रश्मि आर्य का राजनीतिक सफर समाजवादी पार्टी (सपा) से शुरू हुआ। उन्होंने 2012 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में सपा के टिकट पर मऊरानीपुर विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ा और विजयी रहकर पहली बार विधान सभा पहुंचीं। इस सफलता के पीछे उनके स्थानीय जनसंपर्क, सामाजिक कार्यों और शिक्षा-समर्थक संदेश को प्रमुख माना गया। हालांकि 2017 के विधानसभा चुनाव में उन्हें हार का सामना भी करना पड़ा, लेकिन उनके इलाके में जनाधार और संगठनात्मक समर्थन आज भी मजबूत रहा। इसके बाद उन्होंने अपना दल (सोनेलाल) से जुड़कर 2022 में दुबारा मैदान में कदम रखा।

2022 विधान सभा चुनाव में जीत
डॉ. रश्मि आर्य ने 2022 के विधानसभा चुनाव में अपना दल के
टिकट पर चुनाव लड़ा और समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी को लगभग 58,595 वोटों के अंतर से हराकर जीत हासिल की। यह जीत न केवल उनके व्यक्तिगत राजनीतिक कौशल की पुष्टि थी बल्कि पार्टी गठबंधन की रणनीति का भी परिणाम माना गया।
मऊरानीपुर विधानसभा सीट झांसी लोकसभा क्षेत्र का हिस्सा है,
जहां ग्रामीण और शहरी मतदाता दोनों की भूमिका महत्वपूर्ण होती है और स्थानीय विकास के साथ सामाजिक कल्याण के मुद्दे चुनावी रणनीति में अहम रहते हैं।
2022
के चुनावों में उनकी जीत की एक खास बात यह रही कि वे बिना किसी गंभीर आपराधिक रिकॉर्ड के चुनावी राजनीति में सक्रिय रहीं, जो आजकल की राजनीति में अनुपातिक रूप से सकारात्मक संकेत है।
विधायक के रूप में भूमिका एवं ज़िम्मेदारियाँ
डॉ. रश्मि आर्य का कार्यकाल विधान सभा में जनसमस्याओं को उठाने, सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की निगरानी और क्षेत्र के विकास के लिए प्रस्ताव पेश करने में केन्द्रित रहा है। उन्होंने इन मुद्दों को विधानसभा मंच पर उठाया और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ संवाद स्थापित किया।
उनकी भूमिका में शामिल हैं:
स्थानीय सड़क और बुनियादी ढांचा विकास: रेलवे क्रॉसिंग पर ओवरब्रिज बनवाने जैसे कार्यों का समर्थन किया।
आस्था एवं पर्यटन: मऊरानीपुर के केदारेश्वर मंदिर को पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने की पहल का समर्थन किया।
स्वास्थ्य सुविधाओं का उन्नयन: सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र को ट्रॉमा सेंटर में अपग्रेड करने जैसे प्रस्तावों पर बल दिया।
वे विधानसभा सत्रों में अपनी बात रखते हुए क्षेत्र की शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, रोजगार और महिला सशक्तिकरण के मुद्दों पर निरंतर संवाद करती रही हैं।

सामाजिक कार्य और शिक्षा के प्रति प्रतिबद्धता
डॉ. रश्मि आर्य का जीवन केवल राजनीति तक सीमित नहीं रहा; उन्होंने शिक्षा और महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में भी अपना योगदान दिया है। मेरठ स्थित सर्वदा जयते न्यास एवं कन्या गुरुकुल, नारंगपुर की संचालिका के रूप में उन्होंने वर्षों से लड़कियों और गरीब बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने का कार्य किया है, जिसके लिए उन्हें उत्तर प्रदेश गौरव सम्मान 2026 से सम्मानित किया जाना तय हुआ है — यह सम्मान शिक्षा और सामाजिक सेवा में उनके योगदान का प्रतीक है। यह कार्य न केवल उनके राजनीतिक जीवन को सार्थक बनाता है बल्कि स्थानीय समुदायों में शिक्षा-समर्थक जागरूकता और महिला सहभागिता को भी प्रोत्साहित करता है।
निष्कर्ष – समग्र राजनीतिक और सामाजिक आकलन
डॉ. रश्मि आर्य का राजनीतिक सफर एक महिला नेता के रूप में सामाजिक सेवा, शिक्षा-समर्थक दृष्टिकोण और राजनीतिक प्रतिबद्धता का संयोजन रहा है। उन्होंने राजनीति में प्रवेश के बाद समाजवादी पार्टी से लेकर अपना दल (सोनेलाल) और बाद में भाजपा सहयोगी के तौर पर अपने क्षेत्र में जन-समस्याओं को उठाया और विधानसभा में प्रतिनिधित्व किया।
उनकी जीत 2022 के चुनाव में जनता के विश्वास, संगठनात्मक समर्थन और व्यक्तिगत सामाजिक सेवाओं के प्रभाव का परिणाम कही जा सकती है। उनकी शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और स्थानीय विकास पर आधारित पहलें क्षेत्र में सकारात्मक सामग्री पैदा करती हैं, तथा उन्हें एक समर्पित प्रतिनिधि के रूप में देखा जाता है। भविष्य में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि वे 2027 चुनावों में किस तरह के विकास एजेंडे को लेकर जनता के सामने उतरती हैं और अपने क्षेत्र के लिए बड़े स्तर पर क्या नीतियाँ लागू कर पाती हैं।
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