Ad
Search by Term. Or Use the code. Met a coordinator today? Confirm the Identity by badge# number here, look for BallotboxIndia Verified Badge tag on profile.
 Search
 Code
Searching...loading

Search Results, page of (About Results)

177. 21 करोड़​ रुपए, 177 नई योजनाएं क्या बदल पाएगी गुरुग्राम की तस्वीर?

Why Gurgaon Floods, a report on watershed management and imminent dangers the city faces.

Why Gurgaon Floods, a report on watershed management and imminent dangers the city faces. News and Media Coverage

BySwarntabh Kumar Swarntabh Kumar   20

क्या नाम बदलने से गुड़गांव की यानि अब के गुरुग्राम की सीरत भी बदल जाएगी? हरियाणा सरकार ने गुरूग्राम में मानसून के समय आने वाली बाढ़ से बचने के लिए 177. 21 करोड़ रुपए, 177 नई योजनाओं के लिए दिया है. उम्मीद है इस बार कुछ बेहतर हो जाए. मगर हर बार गुरूग्राम को बाढ़ से बचाने के लिए करोड़ों खर्च किए जाते हैं. करदाताओं के पैसे को यूंही बहाया जाता है और परिणाम महाजाम के रूप में पूरे दुनिया को दिखाई देता है.

Ad

मगर यहां प्रश्न यह भी है कि जब पिछले वर्ष पूरी दुनिया ने गुड़गांव के महाजाम को देखा तब इतने महीने क्यों लग गए? अभी मानसून आने में ज्यादा वक्त नहीं बचा और इस कम अवधि में 177 नई योजनाओं को अपने अंजाम तक कैसे पहुंचाया जाएगा, यह एक बहुत बड़ा प्रश्न है? बैलेटबॉक्सइंडिया काफी अरसे से गुड़गांव के ड्रेनेज सिस्टम और नदियों-तालाबों के ऊपर रिसर्च कर रही है. हमें इस दौरान कुछ ऐसा खास नहीं लगा जो यहां कि स्थिति को बदलने के लिए किया गया हो. गुरूग्राम में जिस तरह से प्राकृतिक संसाधनों का दुरुपयोग किया गया, बने बनाये संसाधनों को जिस तरह से बर्बाद किया गया उससे आने वाले समय में परिणाम और भी बुरे हो सकते हैं.

इन नई योजनाओं पर काम करने की जरूरत तो है मगर हमें यह भी तय करना होगा कि प्राकृतिक संसाधनों से खिलवाड़ अब बंद किया जाए. हमने प्राकृतिक तौर से निर्मित नालों को पूर्णता नष्ट कर दिया, तलाबों-झीलों को बर्बाद कर दिया. अब हाल यह है कि जहां गर्मियों में गुरूग्राम में पानी की बेतहाशा कमी होती है तो वही मानसून के समय बाढ़ से पूरा जीवन अस्त व्यस्त हो जाता है. कहने के लिए तो गुरुग्राम हरियाणा की आर्थिक राजधानी है मगर जिस तरह से यहां अर्थ तंत्र को तवज्जों दी गई और प्राकृतिक संसाधनों को नजरअंदाज किया गया उससे यही कहा जा सकता है कि आप बड़ी बड़ी बिल्डिंग तो बना लेंगे मगर आपका शहर एक कंक्रीट के जंगल के अलावा कुछ और नहीं बन पाएगा.  उम्मीद है की आने वाला मानसून इस बार गुरूग्राम के लिए कुछ अच्छा लेकर आए.

Ad

Leave a comment for the team.
रिसर्च को सब्सक्राइब करें

इस रिसर्च पर अपडेट पाने के लिए और इससे जुड़ने के लिए अपना ईमेल आईडी नीचे भरें.

ये कैसे कार्य करता है ?

start a research
जुड़ें और फॉलो करें

ज्यादा से ज्यादा जुड़े लोग, प्रतिभाशाली समन्वयकों एवं विशेषज्ञों को आकर्षित करेंगे , इस मुद्दे को एक पकड़ मिलेगी और तेज़ी से आगे बढ़ने में मदद ।

start a research
संगठित हों

हमारे समन्वयक अपने साथ विशेषज्ञों को ले कर एक कार्य समूह का गठन करेंगे, और एक योज़नाबद्ध तरीके से काम करना सुरु करेंगे

start a research
समाधान पायें

कार्य समूह पारदर्शिता एवं कुशलता के साथ समाधान की ओर क़दम बढ़ाएगा, साथ में ही समाज में से ही कुछ भविष्य के अधिनायकों को उभरने में सहायता करेगा।

आप कैसे एक बेहतर समाज के निर्माण में अपना योगदान दे सकते हैं ?

क्या आप इस या इसी जैसे दूसरे मुद्दे से जुड़े हुए हैं, या प्रभावित हैं? क्या आपको लगता है इसपर कुछ कारगर कदम उठाने चाहिए ?तो नीचे फॉलो का बटन दबा कर समर्थन व्यक्त करें।इससे हम आपको समय पर अपडेट कर पाएंगे, और आपके विचार जान पाएंगे। ज्यादा से ज्यादा लोगों द्वारा फॉलो होने पर इस मुद्दे पर कार्यरत विशेषज्ञों एवं समन्वयकों का ना सिर्फ़ मनोबल बढ़ेगा, बल्कि हम आपको, अपने समय समय पर होने वाले शोध यात्राएं, सर्वे, सेमिनार्स, कार्यक्रम, तथा विषय एक्सपर्ट्स कोर्स इत्यादि में सम्मिलित कर पाएंगे।
समाज एवं राष्ट्र, जहाँ लोग कुछ समय अपनी संस्कृति, सभ्यता, अधिकारों और जिम्मेदारियों को समझने एवं सँवारने में लगाते हैं। एक सोची समझी, जानी बूझी आवाज़ और समझ रखते हैं। वही देश संसार में विशिष्टता और प्रभुत्व स्थापित कर पाते हैं।
अपने सोशल नेटवर्क पर शेयर करें

हर छोटा बड़ा कदम मायने रखता है, अपने दोस्तों और जानकारों से ये मुद्दा साझा करें , क्या पता उन्ही में से कोई इस विषय का विशेषज्ञ निकल जाए।

क्या आपके पास कुछ समय सामजिक कार्य के लिए होता है ?

इस एक्शन ग्रुप के सहभागी बनें, एक सदस्य, विशेषज्ञ या समन्वयक की तरह जुड़ें । अधिक जानकारी के लिए समन्वयक से संपर्क करें और अपने बारे में बताएं।

क्या आप किसी को जानते हैं, जो इस विषय पर कार्यरत हैं ?
ईमेल से आमंत्रित करें
The researches on ballotboxindia are available under restrictive Creative commons. If you have any comments or want to cite the work please drop a note to letters at ballotboxindia dot com.

Code# 52369

ज़ारी शोध जिनमे आप एक भूमिका निभा सकते है.

Follow